Sham hotey hi - GAZAL

शाम होते ही तेरे यादो को आना है
ये मेरा दिल है या कोई मैखाना है
कभी एक पल की तुझे फुरसत नहीं मिलती
की ये सोच ले की तेरा एक दीवाना है
इधर मैं सब से मिलता हु पर खुद से नही मिलता
आज मुझे तेल से पानी को मिलाना है
ये कशमकश ज़िन्दगी में ठहर गया है
गम को लिखना भी है और गम छुपाना है
सुना हु की वो बहुत बदल चुकी है
किसी दिन उसको उसके बारे में बताना है

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